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अल्मा का 13वाँ अवलोकन चक्र शुरू: समय की रिकॉर्ड माँग और नए बैंड 2 अभिग्राही

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रात में एक सूखे पठार पर खड़े सफ़ेद रेडियो एंटीना; ऊपर तारों से भरा गहरा नीला आकाश और आकाशगंगा की एक मंद पट्टी।
उत्तरी चिली के चाजनांतोर पठार पर रात के आकाश के नीचे अल्मा के एंटीना। हर एंटीना अंतरिक्ष से आने वाली रेडियो तरंगें दर्ज करता है, और एक केंद्रीय कंप्यूटर सभी एंटीनाओं के संकेतों को आपस में जोड़ता है।A. Pérez (आकार बदला गया) · CC BY 4.0

चिली की अल्मा (ALMA) वेधशाला ने 1 अक्टूबर 2026 को अपना तेरहवाँ अवलोकन चक्र शुरू किया, और इस बार समय की माँग ने रिकॉर्ड तोड़ दिया: खगोलविदों ने उसके मुख्य, 12-मीटर ऐरे पर जितना समय उपलब्ध था, उसका लगभग नौ गुना माँगा। इसी चक्र से बैंड 2 नाम के नए अभिग्राही (रिसीवर) भी पहली बार सामान्य अवलोकनों के लिए उपलब्ध हो गए।

अल्मा क्या है और वह मिलीमीटर तरंगों का अवलोकन क्यों करता है

अल्मा, यानी अटाकामा लार्ज मिलीमीटर/सबमिलीमीटर ऐरे (Atacama Large Millimeter/submillimeter Array), उत्तरी चिली के चाजनांतोर पठार पर लगे 66 एंटीनाओं से बना है। ये एंटीना व्यतिकरणमिति (इंटरफ़ेरोमेट्री) की तकनीक से मिलकर काम करते हैं: हर एंटीना एक ही पिंड से आने वाला संकेत दर्ज करता है, और एक केंद्रीय कंप्यूटर इन सब रिकॉर्डिंग को आपस में जोड़ देता है। इस तरह बनी छवि में उतना ही बारीक ब्योरा दिखता है, जितना किसी ऐसी अकेली डिश से मिलता, जिसका व्यास एंटीनाओं के बीच की सबसे लंबी दूरी के बराबर हो। अल्मा में यह दूरी 16 किलोमीटर तक पहुँचती है।

अल्मा मिलीमीटर और सबमिलीमीटर तरंगें दर्ज करता है। ये रेडियो तरंगें हैं, यानी प्रकाश का ही एक रूप, जिसे आँख नहीं देख सकती। इनकी अहमियत इसलिए है कि तारे और ग्रह गैस और धूल के ठंडे, अंधेरे बादलों में बनते हैं, और ये बादल इन्हीं तरंगदैर्घ्यों पर चमकते हैं। जो धूल ऐसे बादलों को दृश्य प्रकाश की दूरबीनों से छिपा लेती है, वह अल्मा की नज़र नहीं रोकती। बहुत दूर की गैलेक्सियाँ भी इन तरंगों में दिखती हैं, क्योंकि ब्रह्मांड के प्रसार के कारण उनसे निकले विकिरण का तरंगदैर्घ्य खिंचकर मिलीमीटर के दायरे तक बढ़ जाता है। सूखे अटाकामा मरुस्थल में 5,000 मीटर की ऊँचाई पर भी हवा ऐसी तरंगों को सोखती है और उनके पहुँचने में देरी करती है। इसलिए अल्मा हर एंटीना की देखने की दिशा में हवा में मौजूद जलवाष्प को मापता है और उसके असर के हिसाब से संकेतों में सुधार करता है।

अवलोकन का समय कैसे बाँटा जाता है

अल्मा सालाना चक्रों में काम करता है, और चक्र 13 की अवधि 1 अक्टूबर 2026 से 30 सितंबर 2027 तक है। प्रस्ताव 19 मार्च से 23 अप्रैल 2026 तक भेजे जा सकते थे। वेधशाला को 1,839 प्रस्ताव मिले, जिनमें 12-मीटर ऐरे पर कुल 37,471 घंटे माँगे गए थे; ये दोनों आँकड़े अब तक के किसी भी अल्मा चक्र में सबसे ज़्यादा हैं। 12-मीटर ऐरे पर अवलोकन के लिए तय (नॉमिनल) समय 4,300 घंटे था, इसलिए माँग उपलब्ध समय की 8.7 गुना रही। जब माँग उपलब्ध समय से इतनी ज़्यादा हो, तो खगोलविद इसे ओवरसब्सक्रिप्शन कहते हैं।

प्रस्तावों का वरीयता-क्रम सहकर्मी समीक्षा (पीयर रिव्यू) से तय होता है, यानी प्रस्तावों को दूसरे खगोलविद परखते हैं। सबसे बड़ी परियोजनाओं, यानी लार्ज प्रोग्राम श्रेणी के 47 प्रस्तावों का मूल्यांकन 20 सदस्यों और एक अध्यक्ष वाली समिति ने किया, जिसकी मदद 80 बाहरी मूल्यांकनकर्ताओं ने की। बाक़ी प्रस्तावों की समीक्षा 1,216 खगोलविदों ने की, जिन्होंने मिलकर लगभग 17,900 समीक्षाएँ लिखीं। इसके बाद वरीयता-क्रम को व्यावहारिक सीमाओं से मिलाकर देखा गया: मौसम, अभिग्राहियों की उपलब्धता, ऐरे का विन्यास और आकाश में लक्ष्यों की स्थिति।

आख़िर में 229 प्रस्तावों को सबसे ऊँचे ग्रेड, A या B, मिले, यानी स्वीकृति दर लगभग 12% रही। इन्हें 12-मीटर ऐरे पर 4,257 घंटे, 7-मीटर ऐरे पर 2,089 घंटे और टोटल पावर ऐरे पर 1,739 घंटे दिए गए। टोटल पावर ऐरे ऐसी डिशों का समूह है, जो व्यतिकरणमापी की तरह मिलकर नहीं, बल्कि अलग-अलग काम करती हैं। 12-मीटर ऐरे का आँकड़ा पेश किए गए 4,300 घंटे से थोड़ा कम है, क्योंकि उम्मीद थी कि चक्र 12 के ग्रेड A वाले कुछ अधूरे अवलोकन चक्र 13 में पूरे किए जाएँगे।

चक्र 13 में नया क्या है

सबसे बड़ी नई बात बैंड 2 है: एक अभिग्राही, जो लगभग 67 से 116 गीगाहर्ट्ज़ की आवृत्तियाँ पकड़ता है। आवृत्ति को तरंगदैर्घ्य में बदलें, तो हमारी गणना के अनुसार यह लगभग 2.6 से 4.5 मिलीमीटर होता है। अल्मा के दस नियोजित अभिग्राही बैंडों में से यही आख़िरी है, जो अब उपलब्ध हुआ है। इससे खगोलविद आण्विक संक्रमण, यानी अणुओं से निकलने वाले संकेत, देख सकते हैं, जो अंतरतारकीय माध्यम में और पास व दूर की गैलेक्सियों में ठंडी गैस का पता देते हैं। इसकी माँग अच्छी-ख़ासी रही: 210 प्रस्तावों में बैंड 2 माँगा गया, और माँगे गए अवलोकन समय के हिसाब से यह चौथे स्थान पर रहा। सबसे ज़्यादा घंटे बैंड 6 और 7 के लिए माँगे गए।

चार नए लार्ज प्रोग्राम भी शुरू हो रहे हैं। पहला बूढ़े होते तारों के आसपास के परिवेश का अध्ययन करेगा। दूसरा हमारी आकाशगंगा से परे आकाश के एक दूर के हिस्से का गहरा सर्वेक्षण करके वहाँ तारों के बनने का लेखा-जोखा तैयार करेगा। तीसरा ग्रह बनाने वाली चक्रिकाओं पर उनकी सबसे शुरुआती अवस्था से, जब वे अभी अपने आसपास की गैस और धूल में छिपी रहती हैं, बाद की अवस्थाओं तक नज़र रखेगा। चौथा यह पता लगाएगा कि जहाँ ग्रह-मंडल आकार लेते हैं, वहाँ ठोस पदार्थ कैसे बदलता है। साथ ही 91 संयुक्त प्रस्ताव भी भेजे गए, जो अपने-आप में रिकॉर्ड है। इनमें अल्मा को जेम्स वेब अंतरिक्ष दूरबीन, अमेरिका की वेरी लार्ज ऐरे रेडियो दूरबीन या ईएसओ के वेरी लार्ज टेलीस्कोप के साथ मिलाकर इस्तेमाल करने की योजना है।

इससे बड़ा बदलाव बाद में आएगा। वाइडबैंड सेंसिटिविटी अपग्रेड (ज़्यादा चौड़े आवृत्ति-बैंड और ज़्यादा संवेदनशीलता के लिए सुधार) के बाद अभिग्राही एक साथ जितनी आवृत्तियाँ दर्ज करते हैं, उनका दायरा कम से कम दोगुना हो जाएगा, और कोरिलेटर बदल दिया जाएगा, यानी वह कंप्यूटर जो एंटीनाओं के संकेतों को आपस में जोड़ता है। अल्मा को उम्मीद है कि इसके पहले चरण इस दशक के अंत तक, लगभग 2030 तक, लागू हो जाएँगे।

आप किस पर नज़र रख सकते हैं

अल्मा को आप ख़ुद आकाश के किसी हिस्से की ओर नहीं घुमा सकते: उसका समय सिर्फ़ उन शोध-प्रस्तावों को मिलता है, जिन्हें ऊपर बताई गई सहकर्मी समीक्षा से चुना गया हो। आप नतीजों पर नज़र रख सकते हैं। चक्र 13 की सबसे ऊँची प्राथमिकता वाली परियोजनाओं के शीर्षक, सारांश और टीमें अल्मा साइंस पोर्टल पर सार्वजनिक हैं, और वेधशाला घोषणाएँ और “सप्ताह के चित्र” भी प्रकाशित करती है, जिन्हें श्रेय देकर कोई भी दोबारा इस्तेमाल कर सकता है।

स्रोत और लाइसेंस

  • अल्मा वेधशाला, घोषणा “ALMA Cycle 13 Set to Begin” — चक्र के शुरू और ख़त्म होने की तारीख़ें, प्रस्तावों और घंटों की संख्या, ग्रेड और समय का बँटवारा, सहकर्मी समीक्षा के आँकड़े, बैंड 2, लार्ज प्रोग्राम और संयुक्त प्रस्ताव इसी घोषणा से लिए गए हैं। https://www.almaobservatory.org/en/announcements/alma-cycle-13-set-to-begin/
  • अल्मा वेधशाला, घोषणा “ALMA Cycle 13 Call for Proposals is Now Open” — प्रस्ताव भेजने की तारीख़ें, शुरू में पेश किए गए 4,300 घंटे, एंटीनाओं के बीच 16 किलोमीटर तक की दूरी (आधार-रेखा) और बैंड 2 क्या देखता है, यह जानकारी यहाँ से ली गई है। https://www.almaobservatory.org/en/announcements/alma-cycle-13-call-for-proposals-to-open-soon/
  • अल्मा वेधशाला, “How ALMA works” — 66 एंटीना, व्यतिकरणमिति कैसे काम करती है, 5,000 मीटर की ऊँचाई पर भी हवा का तरंगों को सोखना और जलवाष्प के असर का सुधार, ये बातें यहाँ से ली गई हैं। https://www.almaobservatory.org/en/about-alma/how-alma-works/
  • अल्मा वेधशाला, “ALMA Wideband Sensitivity Upgrade” और “ALMA2030 WSU” — ठंडे, अंधेरे क्षेत्र ही तारों और ग्रहों के जन्मस्थल क्यों हैं, और इस उन्नयन के लक्ष्य और समय-सीमा, ये बातें इन दो पन्नों से ली गई हैं। https://www.almaobservatory.org/en/almas-next-frontier-the-wideband-sensitivity-upgrade/ और https://www.almaobservatory.org/en/scientists/alma-2030-wsu/
  • अल्मा वेधशाला, “Capabilities” और कॉपीराइट सूचना — दूर की गैलेक्सियों के विकिरण का खिंचकर मिलीमीटर के दायरे तक पहुँचना, और वह लाइसेंस, जिसके तहत वेधशाला की छवियाँ और घोषणाएँ श्रेय देकर दोबारा इस्तेमाल की जा सकती हैं, यहाँ से लिए गए हैं। https://www.almaobservatory.org/en/about-alma/how-alma-works/capabilities/ और https://www.almaobservatory.org/en/copyright-notice/
  • हमारी अपनी गणना — बैंड 2 के तरंगदैर्घ्य हमने प्रकाश की गति को आवृत्ति से भाग देकर निकाले, और जाँचा कि 37,471 घंटे को 4,300 घंटे से भाग देने पर 8.7 आता है, जो अल्मा के आँकड़े से मेल खाता है।

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